शनि यंत्र सिद्धि – शनि यंत्र की महिमा – भोजपत्र पर इस प्रकार बनाये शनि यंत्र

By | August 28, 2018

जहाँ जीवन में सुख-दुःख, रोग और पीडाओं की बात आती है तो इसका सीधा संबंध शनि देव से है | हिन्दू धरम में शनि देव को मनुष्य के कर्मों का फल देने के लिए एक जज के रूप में स्थान प्राप्त है | जो जातक अपने जीवन में अच्छा कर्म करता है उसे शनि देव सुख की अनुभूति कराते है और जो जातक पाप कर्म करता है उसे नरक जैसी पीडाओं का अनुभव कराते है | जिस जातक पर शनि देव प्रसन्न रहते है उसके जीवन में हर तरफ से सुख और आनंद की वर्षा होती है | दुःख ऐसे जातक से कोसों दूर रहते है | आज हम आपको शनि देव की कृपा प्राप्ति हेतु शनि यंत्र/(Siddh Shani Yantra in Hindi) के विषय में जानकारी देने वाले है |

शनि आराधना  के प्रकार : –

वैसे तो सभी भक्तजन अपने-अपने श्रद्धा भाव और भक्ति भाव द्वारा अलग-अलग प्रकार से शनि देव को प्रसन्न करने का प्रयत्न करते है | जैसे : – शनिवार को शनि मंदिर जाना , शनिदेव को काले तिल- सरसों का तेल- लोह – काला झंडा ये सभी अर्पित करना या फिर मंत्र द्वारा शनि देव को प्रसन्न करना इसके अतिरिक्त और भी बहुत से सरल टोटके है जिन्हें करने से शनि देव प्रसन्न होते है | लेकिन आज हम उनसब के विषय में बात न करके आपको शनि यंत्र के विषय में जानकारी देने वाले है(Siddh Shani Yantra in Hindi) |

शनि यंत्र की महिमा : –

कुम्भ – मकर राशी व शनि की साढ़े साती और ढईया में प्रभावी : –

शनि यंत्र को सिद्ध करके घर में स्थापित करने से हर प्रकार का शनि दोष दूर होने लगता है और साथ ही शनि देव की कृपा भी प्राप्त होने लगती है | कुम्भ और मकर राशी के स्वामी गृह शनि देव है और वे अपनी राशी में थोड़े कमजोर होते है इसलिए कुम्भ और मकर राशी के जातकों को सिद्ध शनि यंत्र घर में स्थापित कर उसकी पूजा अवश्य करनी चाहिए | जिस जातक की कुंडली में लग्न में शनि है उन्हें भी शनि यंत्र द्वारा शनि आराधना करनी चाहिए | जो जातक शनि की साढ़े साती और ढईया से परेशान है उन्हें भी सिद्ध शनि यंत्र द्वारा लाभ अवश्य प्राप्त होता है | इन सबके अतिरिक्त जीवन में जब हर तरफ से दुःख और पीडाएं आने लगे तो ऐसे में शनि आराधना करने से लाभ अवश्य मिलता है |

Siddh Shani Yantra in Hindi

सिद्ध शनि यंत्र : –

नीचे दिए गये शनि यंत्र को भोजपत्र पर अष्टगंधा की स्याही से बनाये | यंत्र को बनाते समय शनि देव के इस मंत्र का उच्चारण करते जाए : –

” ॐ प्रां प्रीं प्रौं स शनैश्चराय नम “

Siddh Shani Yantra in Hindi

Siddh Shani Yantra in Hindi

शनि यंत्र को सिद्ध करने की विधि : –

उपरोक्त विधि के अनुसार भोजपत्र पर शनि यंत्र बना ले |  अब शनिवार के दिन सुबह-सुबह पूर्व दिशा की तरफ एक चौकी की स्थापना करें इस पर लाल रंग का कपडा बिछा दे | अब इस चौकी पर शनि यंत्र को स्थापित करें | यंत्र पर हल्के गंगाजल से छींटे लगाये |  चौकी के आगे एक घी का दीपक जलाये और इस मंत्र के 5000 ज़प करें | मंत्र इस प्रकार है :- ” ॐ प्रां प्रीं प्रौं स शनैश्चराय नम “ | इस प्रकार पांच हज़ार मंत्र जप के पश्चात् अगले दिन हवन करें व शनि देव के उपरोक्त मंत्र की 500 आहुतियाँ दे | ऐसा करने के पश्चात् अंत में शनि यंत्र को हवन के उपर से 21 बार वार (घुमा ) ले और हवन की भस्म द्वारा तिलक करें | इस प्रकार आप शनि यंत्र/Shani Yantra को सिद्ध कर सकते है | इस सिद्ध शनि यंत्र को अपने पूजा स्थल में रखे व नियमित रूप से इसकी पूजा करें | यह पढ़े : हनुमान यंत्र 

शनि यंत्र/(Siddh Shani Yantra in Hindi)  की नियमित पूजा में शनि देव का ध्यान करते हुए उपरोक्त शनि मंत्र के 108 बार जप करें व अंत में शनि चालीसा का पाठ करें | अल्टीमेट ज्ञान संस्थान द्वारा आचार्य S. N. शर्मा के मार्गदर्शन से सिद्ध किया गया शनि यंत्र प्राप्त करने के लिए आप इस नंबर द्वारा संपर्क कर सकते है : 9671528510